उत्तर प्रदेश में स्वास्थ्य क्षेत्र को मिली मजबूती, इस साल 318 अस्पताल आयुष्मान भारत से जुड़े

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में साल 2025 स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए मील का पत्थर साबित हुआ है. डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का दावा है कि यूपी में इस साल 318 अस्पताल आयुष्मान भारत से जुड़े हैं. इनमें 248 अस्पतालों में कैंसर का इलाज भी हो रहा है. कुल 3,862 करोड़ के चिकित्सा दावों का भुगतान योगी सरकार ने किया है.

83 नई यूनिट का लोकार्पण: डिप्टी सीएम ने बताया कि साल 2025 में इमरजेंसी कोविड रिलीफ पैकेज (ECRP) के तहत प्रदेश में चिकित्सा ढांचे को अभूतपूर्व मजबूती दी गई. साल 2025 में कुल 83 नई स्वास्थ्य इकाइयों का लोकार्पण किया गया तथा एक बड़े अस्पताल का शिलान्यास हुआ. इनमें 26 IPHL लैब, 13 जनपदीय ड्रग वेयरहाउस, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, सीसीबी यूनिट और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र शामिल हैं. इसके साथ ही सीतापुर में 200 बेड का जिला चिकित्सालय का शिलान्यास भी किया गया. प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में 1800 और जिला अस्पतालों में 1029 आईसीयू बेड स्थापित किए गए. ऑक्सीजन आपूर्ति को सुदृढ़ करने के लिए मेडिकल गैस पाइपलाइन सिस्टम (MGPS) सहित 49 एलएमओ स्टोरेज टैंक स्थापित किए गए.

42 बेड वाले पीडियाट्रिक केयर भी स्थापित किए: ब्रजेश पाठक ने बताया कि मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दी. इसके तहत 42 बेड वाले पीडियाट्रिक केयर यूनिट जिला अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में स्थापित किए गए. इसके अलावा नवजात शिशुओं की देखभाल के लिए प्रदेश में 412 न्यू बॉर्न स्टेबलाइजेशन यूनिट्स (NBSU) की स्थापना की गई. साल 2024-25 में बाह्य रोगी सेवाओं में 27 प्रतिशत और अंत रोगी सेवाओं में 32 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई. संस्थागत प्रसव, सिजेरियन डिलीवरी, बड़े और छोटे ऑपरेशन, पैथोलॉजी जांच, एक्स-रे और अल्ट्रासाउंड सेवाओं में भी उल्लेखनीय इजाफा हुआ.

74 जनपदों में सीटी स्कैन की सुविधा: उप मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश के 74 जनपदों में सीटी स्कैन और सभी 75 जनपदों में डायलिसिस सेवाएं उपलब्ध कराई गईं. जनवरी से नवंबर-25 के बीच 9.42 लाख सीटी स्कैन और 6.50 लाख से अधिक डायलिसिस सत्र संचालित किए गए. आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए एसेंशियल ड्रग लिस्ट का विस्तार किया गया, जिससे प्राथमिक से लेकर जिला अस्पताल स्तर तक दवाओं की संख्या बढ़ाई गई.

318 अस्पताल आयुष्मान भारत से जुड़े: आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत 318 अस्पतालों को जोड़ा गया, जिनमें 248 कैंसर उपचार से संबंधित हैं. दिसंबर 2025 तक लगभग 3,862 करोड़ रुपये का भुगतान अस्पतालों को किया गया. टीबी उन्मूलन अभियान में प्रदेश ने नेशनल स्तर पर सराहनीय प्रदर्शन किया. जांच की संख्या में 100 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई और 7,191 पंचायतों को टीबी मुक्त घोषित किया गया, जो कि पिछले साल की तुलना में 424 प्रतिशत अधिक है. ई-संजीवनी सेवाओं के माध्यम से प्रतिदिन औसतन 75 हजार से अधिक कॉल के साथ उत्तर प्रदेश, देश में दूसरे स्थान पर रहा. मानसिक स्वास्थ्य के लिए टेली-मानस सेवा सफलतापूर्वक लागू की गई, जिससे लाखों लोगों को परामर्श मिला.