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बारिश से प्रभावित किसानों को हर संभव मदद देगी सरकार: अमित शाह

मुंबई: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को आश्वासन दिया कि केंद्र सरकार महाराष्ट्र के उन किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करेगी, जिनकी अत्यधिक वर्षा के कारण फसल का व्यापक नुकसान हुआ है. महाराष्ट्र के अहिल्यानगर जिले के प्रवरनगर में एक जनसभा को संबोधित करते हुए, शाह ने कहा कि केंद्र कृषक समुदाय के साथ मजबूती से खड़ा है और राज्य सरकार द्वारा औपचारिक क्षति आकलन प्रस्तुत करने के बाद समय पर मुआवजा दिया जाएगा.

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शाह ने कहा, “मैंने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, दोनों उपमुख्यमंत्रियों एकनाथ शिंदे और अजित पवार के साथ एक विस्तृत बैठक की. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से मैंने उन्हें आश्वासन दिया कि एक बार विस्तृत रिपोर्ट हमें सौंप दिए जाने के बाद प्रधानमंत्री महाराष्ट्र के किसानों को कोई भी मदद देने में देरी नहीं करेंगे.”

प्रतिमाओं का अनावरण
उन्होंने आगे कहा कि महाराष्ट्र सरकार जल्द से जल्द फसल नुकसान की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत कर सकती है. शाह प्रवर नगर में पद्मश्री डॉ विट्ठलराव विखे पाटिल सहकारी चीनी कारखाने के नवीनीकरण का उद्घाटन करने के बाद बोल रहे थे. उन्होंने भारत के सहकारिता आंदोलन के अग्रदूत विट्ठलराव विखे पाटिल और पूर्व केंद्रीय मंत्री पद्म भूषण डॉ. बालासाहेब विट्ठलराव विखे पाटिल की प्रतिमाओं का भी अनावरण किया.

फडणवीस ने राहत पैकेज की मांग की
सितंबर के आखिरी हफ़्ते में हुई भारी बारिश ने अहिल्यानगर, मराठवाड़ा क्षेत्र और सोलापुर जिले में खेतों को भारी नुकसान पहुंचाया. भारी बारिश और बाढ़ से लगभग 60 लाख हेक्टेयर कृषि भूमि प्रभावित हुई है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राहत पैकेज की मांग करते हुए केंद्र से संपर्क किया है.

सहकारिता आंदोलन में जिले की ऐतिहासिक भूमिका पर प्रकाश डालते हुए शाह ने कहा, “महाराष्ट्र की धरती हमेशा से अपने मेहनती किसानों और मजबूत सहकारी संस्थाओं के लिए जानी जाती रही है. केंद्र उनकी मेहनत को व्यर्थ नहीं जाने देगा.”

बारिश से फसलों को नुकसान
उन्होंने बताया कि इस साल बेमौसम और अत्यधिक बारिश ने राज्य भर में 60 लाख हेक्टेयर से ज़्यादा जमीन पर फसलों को नुकसान पहुंचाया है. उन्होंने आगे कहा, “केंद्र सरकार 2025-26 के लिए विभिन्न अंशदानों के तहत महाराष्ट्र को पहले ही 3,132 करोड़ रुपये जारी कर चुकी है, जिसमें प्रधानमंत्री मोदी के निर्देशन में अप्रैल में वितरित 1,631 करोड़ रुपये भी शामिल हैं.

शाह ने प्रभावित जिलों के लिए 2,215 करोड़ रुपये के पैकेज, प्रत्येक प्रभावित किसान को 10,000 रुपये की प्रत्यक्ष नकद सहायता और पात्र परिवारों को 25 किलो अनाज के वितरण सहित महाराष्ट्र सरकार द्वारा किए गए राहत उपायों की सराहना की. उन्होंने गंभीर रूप से प्रभावित क्षेत्रों में ऋण वसूली रोकने के राज्य के फैसले की भी सराहना की.

फडणवीस और उनके सहयोगियों के नेतृत्व का जिक्र करते हुए, शाह ने कहा, “महाराष्ट्र के नेताओं की त्रिमूर्ति – फडणवीस, शिंदे और पवार – समुदाय से ‘बनिया’ नहीं हैं, लेकिन वित्तीय समझदारी के मामले में वे किसी से कम नहीं हैं. उन्होंने मुझे यहां आमंत्रित किया और पूछा कि केंद्र संकटग्रस्त किसानों के लिए क्या करेगा. कल हमारी एक विस्तृत बैठक हुई, जिसके बाद मैंने उन्हें मूल्यांकन रिपोर्ट आने के बाद केंद्र के पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया.”

इस कार्यक्रम में फडणवीस, शिंदे, पवार, केंद्रीय राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल, जल संसाधन मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटिल, राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, ग्रामीण विकास मंत्री जयकुमार गोरे और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण भी उपस्थित थे.

मुंबई: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने रविवार को आश्वासन दिया कि केंद्र सरकार महाराष्ट्र के उन किसानों को वित्तीय सहायता प्रदान करेगी, जिनकी अत्यधिक वर्षा के कारण फसल का व्यापक नुकसान हुआ है. महाराष्ट्र के अहिल्यानगर जिले के प्रवरनगर में एक जनसभा को संबोधित करते हुए, शाह ने कहा कि केंद्र कृषक समुदाय के साथ मजबूती से खड़ा है और राज्य सरकार द्वारा औपचारिक क्षति आकलन प्रस्तुत करने के बाद समय पर मुआवजा दिया जाएगा.

शाह ने कहा, “मैंने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, दोनों उपमुख्यमंत्रियों एकनाथ शिंदे और अजित पवार के साथ एक विस्तृत बैठक की. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से मैंने उन्हें आश्वासन दिया कि एक बार विस्तृत रिपोर्ट हमें सौंप दिए जाने के बाद प्रधानमंत्री महाराष्ट्र के किसानों को कोई भी मदद देने में देरी नहीं करेंगे.”

प्रतिमाओं का अनावरण
उन्होंने आगे कहा कि महाराष्ट्र सरकार जल्द से जल्द फसल नुकसान की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत कर सकती है. शाह प्रवर नगर में पद्मश्री डॉ विट्ठलराव विखे पाटिल सहकारी चीनी कारखाने के नवीनीकरण का उद्घाटन करने के बाद बोल रहे थे. उन्होंने भारत के सहकारिता आंदोलन के अग्रदूत विट्ठलराव विखे पाटिल और पूर्व केंद्रीय मंत्री पद्म भूषण डॉ. बालासाहेब विट्ठलराव विखे पाटिल की प्रतिमाओं का भी अनावरण किया.

फडणवीस ने राहत पैकेज की मांग की
सितंबर के आखिरी हफ़्ते में हुई भारी बारिश ने अहिल्यानगर, मराठवाड़ा क्षेत्र और सोलापुर जिले में खेतों को भारी नुकसान पहुंचाया. भारी बारिश और बाढ़ से लगभग 60 लाख हेक्टेयर कृषि भूमि प्रभावित हुई है. मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने राहत पैकेज की मांग करते हुए केंद्र से संपर्क किया है.

सहकारिता आंदोलन में जिले की ऐतिहासिक भूमिका पर प्रकाश डालते हुए शाह ने कहा, “महाराष्ट्र की धरती हमेशा से अपने मेहनती किसानों और मजबूत सहकारी संस्थाओं के लिए जानी जाती रही है. केंद्र उनकी मेहनत को व्यर्थ नहीं जाने देगा.”

बारिश से फसलों को नुकसान
उन्होंने बताया कि इस साल बेमौसम और अत्यधिक बारिश ने राज्य भर में 60 लाख हेक्टेयर से ज़्यादा जमीन पर फसलों को नुकसान पहुंचाया है. उन्होंने आगे कहा, “केंद्र सरकार 2025-26 के लिए विभिन्न अंशदानों के तहत महाराष्ट्र को पहले ही 3,132 करोड़ रुपये जारी कर चुकी है, जिसमें प्रधानमंत्री मोदी के निर्देशन में अप्रैल में वितरित 1,631 करोड़ रुपये भी शामिल हैं.

शाह ने प्रभावित जिलों के लिए 2,215 करोड़ रुपये के पैकेज, प्रत्येक प्रभावित किसान को 10,000 रुपये की प्रत्यक्ष नकद सहायता और पात्र परिवारों को 25 किलो अनाज के वितरण सहित महाराष्ट्र सरकार द्वारा किए गए राहत उपायों की सराहना की. उन्होंने गंभीर रूप से प्रभावित क्षेत्रों में ऋण वसूली रोकने के राज्य के फैसले की भी सराहना की.

फडणवीस और उनके सहयोगियों के नेतृत्व का जिक्र करते हुए, शाह ने कहा, “महाराष्ट्र के नेताओं की त्रिमूर्ति – फडणवीस, शिंदे और पवार – समुदाय से ‘बनिया’ नहीं हैं, लेकिन वित्तीय समझदारी के मामले में वे किसी से कम नहीं हैं. उन्होंने मुझे यहां आमंत्रित किया और पूछा कि केंद्र संकटग्रस्त किसानों के लिए क्या करेगा. कल हमारी एक विस्तृत बैठक हुई, जिसके बाद मैंने उन्हें मूल्यांकन रिपोर्ट आने के बाद केंद्र के पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया.”

इस कार्यक्रम में फडणवीस, शिंदे, पवार, केंद्रीय राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल, जल संसाधन मंत्री राधाकृष्ण विखे पाटिल, राजस्व मंत्री चंद्रशेखर बावनकुले, ग्रामीण विकास मंत्री जयकुमार गोरे और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष रवींद्र चव्हाण भी उपस्थित थे.