भाजयुमो में गैंगवार के संकेत, गांजा-हथियार तस्करी और वेश्यावृत्ति को संरक्षण को लेकर विवाद

अलीगढ़:अलीगढ़ के सराय हकीम इलाके में बृहस्पतिवार को भाजयुमो के दो गुटों के बीच 40 राउंड से ज्यादा फायरिंग महज संगठन में पद पाने के लिए वर्चस्व की रार में नहीं हुई। पुलिस की जांच में इस तरह के संकेत मिल रहे हैं कि यह रार शहर में अवैध धंधों को संरक्षण व उससे मिलने वाली प्रोटेक्शन मनी पर वर्चस्व को लेकर उपजी है।बृहस्पतिवार को हुई इस घटना में पुलिस ने आठ लोगों को जेल भेजने के साथ-साथ दोनों ग्रुपों के सदस्यों की गतिविधियों की बारीकी से जांच शुरू कर दी है। इसी क्रम में यह साफ हुआ कि पूर्व में सासनी गेट का शशांक पंडित साथियों संग जब जेल गया था, तब भी इलाके में गांजा तस्करों के संरक्षण को लेकर वर्चस्व को लेकर झगड़े शुरू हुए। तब सासनी गेट में एक युवक की हत्या हुई थी। इसके बाद फिर झगड़े हुए।इन्हीं झगड़ों के बीच हर्षद के करीबी कुछ साथी हर्षद से टूटकर शशांक से जुड़ गए। चूंकि शशांक व हर्षद दोनों ही भाजयुमो में मंत्री हैं, इसलिए दोनों में इन्हीं बातों को लेकर अंदरखाने टकराव शुरू हो गए। इसी बीच आईपीएल के सट्टेखोरों को संरक्षण को लेकर भी कई बार विवाद हुए। पिछले दिनों देहली गेट में आईपीएल के सट्टे का एक बुकी पकड़ा गया। तब उसे छुड़वाने को लेकर इन्हीं में से एक ग्रुप ने पुलिस पर सियासी दबाव बनाया था।
भाजपा नेता राकेश सहाय पर मारपीट का आरोप जब हर्षद ग्रुप पर लगा तब भी ये बातें आई थीं कि हर्षद ग्रुप जिन लोगों को संरक्षण देता है, उनकी मुखालफत के चलते राकेश सहाय से मारपीट की है। इसी बीच हर्षद के करीबी भाजयुमो के दूसरे मंत्री योगेंद्र उर्फ योगी का नाम बन्नादेवी के होटल में वेश्यावृत्ति मामले में आया, लेकिन सियासी संरक्षण के चलते पुलिस से बचता रहा। मामले में वांछित रहा लेकिन, पुलिस पकड़ नहीं सकी। इधर, पुलिस जांच में संकेत ये भी हैं कि आने वाले समय में आईपीएल शुरू होने वाला है। इसके लिए दोनों ग्रुप अभी से वर्चस्व कायम करना चाह रहे थे।

हिस्ट्रीशीटर शोएब का नाम जुड़ रहा हथियार तस्करों से
पुलिस जांच में साफ हुआ है कि शोएब पिछले काफी समय से हर्षद के साथ ही घूमता फिरता था। हर्षद के साथ मासूम शर्मा की नाइट में भी उसके फोटो वीडियो सामने आए हैं। साथ में सात-आठ मामलों में आरोपी हिस्ट्रीशीटर शोएब के तार हथियार तस्करी वाले ग्रुप से जुड़ रहे हैं। इसके विषय में पुलिस को महत्वपूर्ण सुराग मिले हैं। उसी आधार पर उपचार के बाद उस पर कार्रवाई के संकेत हैं।

मासूम शर्मा की नाइट वाली शाम में भी हुआ था टकराव
इस टकराव पर अब यह भी उजागर हो रहा है कि मासूम शर्मा की नाइट वाली शाम भी दोनों गुटों में टकराव हुआ था। उस टकराव में गभाना क्षेत्र में एक साथी संग मारपीट तक हुई थी। वह बात जहां की तहां दबकर कर गई थी। अब सोशल मीडिया पर रील डालने व मोहित संग मारपीट ने इसे तूल दे दिया।

हमारी जांच हर पहलू पर चल रही है। शोएब पेशेवर अपराधी है और उसके तार कुछ अवैध धंधों से जुड़ रहे हैं। योगेंद्र योगी बन्नादेवी के वेश्यावृत्ति मामले में वांछित था। दोनों ग्रुपों में कौन-कौन लोग अवैध धंधे कर रहे थे, ग्रुप के लीडर उन्हें किस तरह संरक्षण दे रहे थे। ये सभी जांच में उजागर होगा। – मृगांक शेखर पाठक, एसपी सिटी
दुकानदारों ने डिलीट किए सीसीटीवी फुटेज, अब शशांक के पीछे पुलिस
पुलिस ने एक गुट के लीडर भाजयुमो मंत्री हर्षद हिंदू सहित आठ आरोपी जेल भेज दिए हैं। अब दूसरे गुट के भाजयुमो मंत्री शशांक पंडित सहित कुछ नाम जो सार्वजनिक हैं, उनकी तलाश जारी है। साथ में अन्य नामों की पहचान के लिए सराय हकीम बाजार में सीसीटीवी देखे जा रहे हैं। दुकानदारों ने घटनास्थल के आसपास के अधिकांश सीसीटीवी डिलीट कर दिए हैं। ऐसे में पुलिस के सामने समस्या आ रही है कि उन्हें कैसे पहचाना जाए।
इ स घटना में पुलिस ने भाजयुमो मंत्री हर्षद हिंदू, भाजयुमो मंडल अध्यक्ष यश गोयल, अमन पंडित, प्रिंस गोयल, भाजयुमो मंत्री शशांक पंडित, मोहित शर्मा, अनुराग ठाकुर, हनी शिवाजी, भाजयुमो मंत्री योगेंद्र योगी, यशनंदन, हमजा, मन्नू पंडित, प्रखर राठी व 10-12 अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। इनमें से हर्षद हिंदू, यश गुप्ता, मयंक ठाकुर, योगेंद्र योगी, प्रफुल्ल पंडित उर्फ लवली,नमन,काटू उर्फ गौरव, आयुष शर्मा को जेल भेज दिया है।
पुलिस ने कुछ के परिजनों को भी दबाव बनाने के लिए पूछताछ के लिए बुलाया है। वहीं पुलिस अन्य आरोपियों के चेहरे व नाम उजागर करने को प्रयासरत है। इस विषय में एसपी सिटी मृगांक शेखर पाठक का कहना है कि हमारी टीमें लगातार सीसीटीवी देखने को प्रयासरत हैं। मगर सफलता नहीं मिल रही। आरोपियों की तलाशी भी जारी है। नाम भी उजागर किए जा रहे हैं।

सरेंडर की जुगत में कुछ आरोपी
शशांक व उसके गुट के आरोपी अभी लापता हैं। उन्होंने इस घटना के बाद शहर में रुकना उचित नहीं समझा। वहीं हर्षद व उसके गुट के आरोपी पहले पुलिस का रुख जानने को इच्छुक हैं। इसी फेर में हर्षद यहां से देर से निकलते समय टप्पल से दबोच लिया गया। अन्य आरोपियों ने सरेंडर की जुगाड़ लगाना शुरू कर दिया है। शनिवार को न्यायालय में लोक अदालत थी। रविवार को अवकाश है। इसलिए सरेंडर होना संभव नहीं है। अब संकेत हैं कि कुछ आरोपी सोमवार को सरेंडर कर सकते हैं।