सीएम युवा उद्यमी विकास अभियान बना पहली पसंद, छह महीनों में ढाई लाख युवाओं ने किया आवेदन

लखनऊ: मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना प्रदेश के युवाओं की पहली पसंद बन गयी है. मौजूदा वित्तीय वर्ष के 6 माह में अब तक प्रदेश भर में ढाई लाख लोग आवेदन आ चुके हैं. सरकार ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में 1 लाख 50 हजार लोन वितरित का लक्ष्य रखा है.

इन आंकड़ों से साफ है कि मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान युवाओं को अपनी आकर्षित कर रही है. वहीं योजना का लाभ देने में पूरे उत्तर प्रदेश में जौनपुर ने प्रथम स्थान प्राप्त कर बाजी मारी है, जबकि दूसरे स्थान पर आजमगढ़ और तीसरे स्थान पर कौशांबी है.

6 माह में ढाई लाख से अधिक युवाओं ने किया आवेदन: इस योजना के तहत वर्तमान वित्तीय वर्ष 2025-26 में लक्ष्य 1 लाख 50 हजार के सापेक्ष 6 माह में पूरे प्रदेश से 2,55,174 युवा लोन के लिए आवेदन कर चुके हैं. जबकि 2,08,097 आवेदनों को बैंक को फॉरवर्ड कर दिया गया है. इनमें से 64,673 आवेदनों को बैंक ने लोन देने की स्वीकृति दे दी है, जबकि 63,009 युवाओं को स्वरोजगार के लिए लोन वितरित किया जा चुका है.

जौनपुर में 2003 युवाओं को मिला लोन: मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान योजना का लाभ देने में पूरे प्रदेश में जाैनपुर जिले ने सबसे अधिक आवेदकों को लाेन वितरित कर प्रथम स्थान प्राप्त किया है. जौनपुर जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र सिंह ने बताया कि प्रदेश के युवाओं को स्वरोजगार उपलब्ध कराने के लिए मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान चलाया जा रहा है.

जौनपुर ने सबसे अधिक युवाओं को लोन मिला: विशेष अभियान चलाकर युवाओं को स्वरोजगार के लिए बैंकों से संपर्क कर लोन उपलब्ध कराया जा रहा है. उन्होंने बताया कि वर्तमान वित्तीय वर्ष में जिले को अभियान के तहत 2,250 युवाओं को लोन उपलब्ध कराने का लक्ष्य दिया गया है. इसके सापेक्ष पिछले 6 माह में 5,999 आवेदन प्राप्त हुए, जिसके सापेक्ष 4,784 आवेदनों को बैंक को भेज दिया गया है.

इनमें से 2,003 आवेदकों को लोन वितरित किया जा चुका है. जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चंद्र सिंह ने बताया कि पूरे प्रदेश में पिछले 6 माह में जौनपुर ने सबसे अधिक युवाओं को लोन वितरित कर पहला स्थान प्राप्त किया है.

ब्लॉक स्तर पर लगायी जा रहीं वर्कशाप: आजमगढ़ जिलाधिकारी रविंद्र कुमार ने बताया कि जिले के अधिक से अधिक युवाओं को मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान का लाभ देने के लिए लगातार विशेष अभियान चलाया जा रहा है. योजना का लाभ देने में अप्रैल-25 से पहले जिला 25 वें स्थान पर था. वहीं अप्रैल के बाद योजना का लाभ हर जरूरतमंद युवा को देने के लिए लगातार ब्लॉक स्तर पर वर्कशाप की जा रही हैं.

बैंकर्स और आवेदकों की आमने-सामने काउंसिलिंग: इस दौरान वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में बैंकर्स और आवेदकों के आमने-सामने काउंसिलिंग करायी जा रही है. यही वजह है कि पिछले कई माह से आजमगढ़ योजना का लाभ देने में पूरे प्रदेश में लगातार दूसरे स्थान पर बना हुआ है. जिलाधिकारी ने बताया कि सितंबर माह में भी योजना का लाभ देने में पूरे प्रदेश में दूसरा स्थान प्राप्त किया है.

जमगढ़ को वर्तमान वित्तीय वर्ष में 2,250 का लक्ष्य दिया गया, जिसके सापेक्ष 6 माह में 5,112 आवेदन प्राप्त हुए. इनमें से 4,285 आवेदनों को बैंक को भेजा गया, जिसमें से 1,859 को लोन वितरित किया जा चुका है इसका रेश्यो 82.62 प्रतिशत है.

कौशांबी, अंबेडकरनगर, झांसी, सिद्धार्थनगर और हरदोई का भी शानदार प्रदर्शन: कौशांबी जिलाधिकारी मधु सूदन हुगली ने बताया कि अधिक से अधिक युवाओं को योजना का लाभ देने के लिए हर माह बैंकों से साथ बैठक की जा रही है ताकि योजना से संबंधी को कोई समस्या आने पर उसे तत्काल दुरुस्त किया जा सके. यही वजह है कि पूरे प्रदेश में योजना का लाभ देने में कौशांबी ने तीसरा स्थान प्राप्त किया है.

कौशांबी को मिला तीसरा स्थान: कौशांबी को वर्तमान वित्तीय वर्ष में 1,700 का लक्ष्य दिया गया, जिसके सापेक्ष 6 माह में 6,984 आवेदन प्राप्त हुए. इनमें से 4,988 आवेदनों को बैंक को भेजा गया, जिसमें से 1,299 आवेदकों को लोन देने के लिए बैंक ने अपनी स्वीकृति प्रदान की है जबकि 1,185 को लोन वितरित किया जा चुका है. इसके अलावा अंबेडकरनगर ने चौथा और झांसी ने प्रदेश में पांचवां स्थान प्राप्त किया है. इसके साथ ही योजना का लाभ देने में सिद्धार्थनगर, हरदोई और रायबरेली का भी प्रदर्शन शानदार रहा.