वाराणसी : कोडीन कफ सिरप मामले में वाराणसी पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है. वाराणसी कमिश्नरेट पुलिस ने शुभम जायसवाल के कोर ग्रुप के सदस्यों को गिरफ्तार किया है. पुलिस ने तीन 25000 इनामी समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया है, जो शुभम जायसवाल के सिंडिकेट के मेंबर बताए जा रहे हैं. पुलिस के मुताबिक, ये कफ सिरप से करोड़ों रुपये की अवैध कमाई करते हैं और बांग्लादेश तक व्यापार को पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाते आए हैं.
बता दें कि शुभम जायसवाल पुलिस की गिरफ्तार से अभी बाहर है. पुलिस का दावा है कि जल्द ही उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा. इस बारे में वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट के काशी जोन डीसीपी गौरव बंसवाल ने बताया कि, गिरफ्तार अमित जायसवाल, देवेश जायसवाल और अंकुश 25000 के इनामिया हैं. इसके साथ ही अन्य दो अभिनव और घनश्याम उनके साथ काम करते थे. यह पांचों शुभम जायसवाल के कोर ग्रुप के मेंबर हैं. यह सभी शुभम के साथ कफ सिरप की तस्करी करते थे.
डीसीपी काशी जोन ने बताया कि, यह शुभम के साथ फर्जी फर्म का लाइसेंस लिए हुए थे. इन्होंने 25 लाख बोतलों की तस्करी बांग्लादेश की थी, जिसे 40 करोड़ रुपये की आमदनी भी हुई थी. इसमें से 8 करोड़ रुपये से ज्यादा की रकम इन्होंने भी कमाई थी. बताया कि, उनके फर्म द्वारा दिए गए सिरप का जखीरा पश्चिम बंगाल, बिहार व त्रिपुरा से पकड़ा भी गया है. मामले के बाद यह फरार चल रहे थे और नेपाल भागने की फिराक में थे. लेकिन पुलिस ने इन्हें वाराणसी के सटे मिर्जापुर से गिरफ्तार किया है. बताया कि गिरफ्तार हुए अभियुक्त में देवेश जायसवाल के घर ED की छापेमारी भी हुई थी, जहां करोड़ों की संपत्ति के कागजात बरामद हुए थे. जल्द ही बाकी की संपत्ति जब्त करने की कार्रवाई भी की जाएगी.बताते चलें कि, वाराणसी और सोनभद्र पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए शुभम की करोड़ों की संपत्ति भी जब्त की थी. अब इनके कोर मेंबर की गिरफ्तारी की जा रही है, ताकि अवैध सिरप के कारोबार को खत्म किया जा सके. ऐसे में वाराणसी पुलिस इस गिरफ्तारी को महत्वपूर्ण कदम बता रही है. उनका कहना है कि, सभी कोर मेंबर गिरफ्तार हो गए हैं और जल्द ही शुभम की भी गिरफ्तारी कर ली जाएगी.