बरेली:बरेली में सीलिंग की जमीन पर कॉलोनियों और 20 दुकानों की मार्केट बनाने से जुड़े मामले को शासन ने गंभीरता से लिया है। प्रमुख सचिव संजय प्रसाद, आवास एवं शहरी नियोजन के विशेष सचिव ओम प्रकाश पांडेय और अपर निदेशक (नगर भूमि सीमारोपण) नीरज शुक्ला के निर्देश पर जांच शुरू हो गई है। आरोपी सुर्खा छावनी निवासी मोहसिन और उसके भाइयों हस्सान, मोनिश व अन्य लोगों के विरुद्ध जांच एसडीएम सदर को सौंपी गई है। तीन दिन में नजरी नक्शा सहित जांच रिपोर्ट मांगी गई है।13 फरवरी को शासन की तरफ से आदेश मिलने के बाद बुधवार को एडीएम सिटी/सक्षम प्राधिकारी नगर भूमि सीमारोपण सौरभ दुबे की ओर से जांच के निर्देश जारी किए हैं। उधर, जांच अधिकारी ने भी अपने अधीनस्थों के माध्यम से पड़ताल शुरू कर दी है। एडीएम सिटी ने कहा है कि अन्य शिकायतों के साथ ही नगर सीलिंग के गांव महलमऊ में स्थित गाटा 177 रकबा 0.0640 वर्ग मीटर एवं 181 पर रकबा 0.0630 वर्ग मीटर और गांव रहपुरा चौधरी स्थित गाटा 85 पर रकबा 0.8190 वर्ग मीटर भूमि के संबंध अवैध कब्जे का उल्लेख है। इसलिए पूरे प्रकरण में विधिवत जांच के निर्देश दिए गए हैं।
शिकायतकर्ता ने मोहसीन को दरगाह से जुड़े एक मियां का सगा दामाद और मौलाना तौकीर रजा का चचेरा बहनोई बताया है। शिकायतकर्ता ने मिनी वाइपास पर बेची गई नगर सीलिंग की जमीन खेत नंबर 177 व 181 के बैनामों, गाटा, रकबा आदि का विवरण भी दिया है। रहपुरा चौधरी मिनी बाइपास पर खेत-85 रकबा 0.8190 हजार वर्ग मीटर के इकरारनामे का भी विवरण शिकायत में शामिल किया है।
साक्ष्य के तौर पर शासन में साझा कीं तस्वीरें
सीलिंग की जमीन पर बसाई गईं अवैध कॉलोनियों और महलमऊ रेलवे लाइन के पास बिना नक्शा पास कराए 20 बड़ी दुकानों की अवैध मार्केट की तस्वीरें भी शिकायती पत्र में साझा की गई हैं। साथ ही महलमऊ में मिनी बाइपास पर हो रही अवैध प्लाटिंग के भी चित्र साझा किए हैं। इसी तरह नासिर सिद्दीकी ने जनकपुरी राजेंद्र नगर में राम-जानकी मंदिर के पास अल नवाज बिरयानी के नाम से बनी मार्केट को भी अवैध बताया है।
सिटी स्टेशन के पास सिटी पैलेस होटल और सुर्खा बानखाना में बिना नक्शा पास कराए बनाई गई कोठी को भी अवैध बताया है। शिकायतकर्ता ने आरोपियों के विरुद्ध प्रेमनगर, इज्जतनगर थानों और चिनचौर (महाराष्ट्र) में आरोपियों के विरुद्ध दर्ज 18 एफआईआर के विषय में भी शासन को जानकारी दी है।
जांच अधिकारी/एसडीएम सदर प्रमोद कुमार ने बताया कि शासन के निर्देश पर एडीएम सिटी की ओर जांच के लिए पत्र प्राप्त हुआ है। इस मामले में जांच शुरू कर रहे हैं। जल्द ही कार्रवाई के लिए रिपोर्ट जिलाधिकारी कार्यालय को उपलब्ध कराएंगे।