लखनऊ: उत्तर प्रदेश में चल रही ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी 4.O में ओब्डू ग्रुप (OBDU Group) ने डिजिटल डॉक्टर क्लिनिक परियोजना को धरातल पर उतारने की घोषणा की है। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में हुए इस आयोजन में हिस्सा लेने पहुंचे कंपनी के सीईओ संजय कुमार ने बताया कि यह परियोजना लखनऊ सहित 22 जिलों में शुरू की जा रही है। इसके बाद इसकी शुरुआत प्रदेश के अन्य जिलों में भी होगी।
सीईओ संजय कुमार के अनुसार, इस परियोजना के लिए करीब 10 हजार करोड़ रुपये का निवेश किया जा रहा है। इससे प्रदेश के 1.90 लाख लोगों को रोजगार मिलेगा। उन्होंने बताया कि डिजिटल डॉक्टर क्लिनिक (Digital Doctor Clinic), टेलीमेडिसिन सिद्धांत पर काम करने वाली भारत की पहली परियोजना है। इससे गांव और सुदूर क्षेत्र में मरीजों की स्वस्थ देखभाल के लिए टेलीमेडिसिन से मदद पहुंचाई जाएगी।
परियोजना का लक्ष्य
इस परियोजना का लक्ष्य उच्च तकनीक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और ब्लॉकचेन जैसी तकनीक से दूर-दराज के क्षेत्रों में मृत्यु दर को कम करना है। उत्तर प्रदेश सरकार और ओब्डू ग्रुप पहले चरण में 350 करोड़ रुपये का निवेश के लिए MoU किया था। इसके बाद इस धनराशि को बढ़ाकर 3 हजार 350 करोड़ रुपये कर दिया गया है। कंपनी के सीईओ ने बताया कि राज्य में 10 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निवेश होना है। इसमें अभी 16 से अधिक NGO कार्यरत हैं। अच्छा काम करने वाली तीन NGO को डिजिटल डॉक्टर क्लिनिक प्रोजेक्ट की टीम पुरस्कृत भी कर सकती है।
ऐसे काम करेगी ये परियोजना
डिजिटल डॉक्टर क्लिनिक से ग्रामीण गांव में ही एमबीबीएस डॉक्टर से इलाज करा सकेंगे। ब्लड टेस्ट की भी सुविधा होगी, जिसके लिए सिर्फ 20 रुपये देने होंगे। इसकी रिपोर्ट सीधे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस द्वारा परामर्श कर रहे डॉक्टर को तुरंत मिल जाएगी और पेशेंट को वह रिपोर्ट 3 मिनट के अंदर ही मिलने की बात कही जा रही है।
22 जिलों से होगी शुरुआत
यह परियोजना लखनऊ, प्रयागराज, बुलंदशहर, फतेहपुर, बहराइच, गोंडा, कन्नौज, सीतापुर, कानपुर, हरदोई, मिर्जापुर, रायबरेली, गाजीपुर, शाहजहांपुर, वाराणसी, बांदा, प्रतापगढ़, हमीरपुर, भदोई, चित्रकूट, कौशाम्बी और गोरखपुर में शुरू होनी है।