चेन्नई : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह बुधवार शाम को चेन्नई पहुंचेंगे और गुरुवार को कोवलम में होने वाली 31वीं दक्षिणी क्षेत्रीय परिषद की बैठक की अध्यक्षता करेंगे. तमिलनाडु के मुख्यमंत्री सी. जोसेफ विजय अन्य दक्षिणी राज्यों और पुडुचेरी केंद्र शासित प्रदेश के मुख्यमंत्रियों के साथ इस उच्च स्तरीय सम्मेलन में शामिल होंगे.
बैठक चेंगलपट्टू जिले के कोवलम में ईस्ट कोस्ट रोड स्थित एक आलीशान होटल में होगी. शाह शाम 4:50 बजे एक विशेष विमान से नई दिल्ली से रवाना होंगे और शाम 7:40 बजे चेन्नई हवाई अड्डे पर पहुंचेंगे. वरिष्ठ सरकारी अधिकारी और भाजपा पदाधिकारी हवाई अड्डे पर उनका स्वागत करेंगे. इसके बाद वे सड़क मार्ग से कोवलम जाएंगे, जहां वे सम्मेलन की अध्यक्षता करने से पहले रात भर रुकेंगे.
मुख्यमंत्री विजय के अलावा, कर्नाटक के मुख्यमंत्री डी.के. शिवकुमार, केरल के मुख्यमंत्री वी.डी. सतीशन, तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी, आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू और पुडुचेरी के मुख्यमंत्री एन. रंगासामी भी विचार-विमर्श में भाग लेंगे.
भाग लेने वाले राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश के मुख्य सचिव, गृह सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी बैठक में शामिल होंगे. केंद्रीय गृह मंत्रालय अंतरराज्यीय सहयोग को बढ़ावा देने और क्षेत्र को प्रभावित करने वाले मुद्दों को हल करने के लिए आमतौर पर प्रतिवर्ष दक्षिणी क्षेत्रीय परिषद की बैठक आयोजित करता है. हालांकि, 2022 के बाद से यह सम्मेलन आयोजित नहीं हुआ है, जिससे गुरुवार की चर्चा का महत्व और भी बढ़ गया है.
बैठक में अंतरराज्यीय सहयोग, आर्थिक विकास, औद्योगिक निवेश, अवसंरचना विस्तार, जल बंटवारे की व्यवस्था, शिक्षा, स्वास्थ्य सेवा, सूचना प्रौद्योगिकी और आपदा प्रबंधन पर चर्चा होने की उम्मीद है. अपराध रोकथाम, कानून प्रवर्तन एजेंसियों के बीच समन्वय में सुधार और सीमा संबंधी विवादों के समाधान के उपाय भी एजेंडा में प्रमुखता से शामिल होने की संभावना है.
कावेरी नदी के जल बंटवारे को लेकर तमिलनाडु और कर्नाटक के बीच जारी मतभेदों के मद्देनजर यह सम्मेलन विशेष रूप से महत्वपूर्ण है. उम्मीद है कि यह दोनों राज्यों को अपने-अपने पक्ष प्रस्तुत करने और केंद्र की देखरेख में समन्वय में सुधार के उपायों पर विचार करने का अवसर प्रदान करेगा.
अधिकारी पिछली परिषद बैठकों में लिए गए निर्णयों के कार्यान्वयन की समीक्षा करने और केंद्र और राज्य सरकारों द्वारा समन्वित कार्रवाई की आवश्यकता वाले मुद्दों की पहचान करने की भी संभावना है. चेन्नई हवाई अड्डे, गृह मंत्री शाह के काफिले के मार्ग और सम्मेलन स्थल के आसपास सुरक्षा बढ़ा दी गई है. ईस्ट कोस्ट रोड पर रणनीतिक स्थानों पर पुलिस कर्मियों की तैनाती की गई है, साथ ही केंद्रीय गृह मंत्री के दौरे से पहले यातायात व्यवस्था पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है.

