लखनऊ: जनपद में पांच से 11 फरवरी तक बाल मानसिक स्वास्थ्य सप्ताह आयोजित किया जा रहा है। इसी क्रम में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज अग्रवाल के दिशा निर्देशन में मंगलवार को राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के अंतर्गत नगरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) सिल्वर जुबली मेंमानसिक स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। शिविर की अध्यक्षता नगरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिल्वर जुबली की अधीक्षिका डॉ. प्रियंका सिंह ने की।
शिविर में जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के मनोचिकित्सक डॉ. अभय सिंह ने बताया कि आज के समय में बच्चों का मानसिक स्वास्थ्य प्रभावित हो रहा है। शिक्षा में स्पर्धा में वह मानसिक दबाव में आ जाते हैं। शारीरिक गतिविधियां कम हो गई हैं, संयुक्त की जगह एकाकी परिवार हो रहे हैं। इसके साथ ही मोबाइल, इंटरनेट का अधिक समय तक उपयोग करने से बच्चों का शारीरिक के साथ-साथ मानसिक स्वास्थ्य प्रभावित होता है। बात-बात पर गुस्सा, अशांत और एकाग्रता में कमी जैसी दिक्कतें का सामना बच्चों को करना पड़ता है।
34 मनोरोगियों का इलाज, चार को भेजा गया जिला अस्पताल
मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ. आर.एन.सिंह ने जानकारी दी कि कार्यक्रम के अंतर्गत जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम लखनऊ की टीम द्वारा प्रतिभाग किया गया और मानसिक स्वास्थ्य शिविर में आए मनोरोगियों को उपचार प्रदान किया गया एवं मानसिक दिव्यांगजनों के प्रमाणपत्र बनाए गए। शिविर में कुल 34 मनोरोगियों का उपचार किया गया व चार मनोरोगियों को जिला चिकित्सालय लखनऊ को सन्दर्भित किया गया एवं कुल 24 मानसिक दिव्यांगों के प्रमाण पत्र बनाए गए।
इस मौके पर जिला मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के निगरानी एवं मूल्यांकन अधिकारी श्रवण कुमार, साईकेट्रिक नर्स संतोष कुमार पाल, मनोरोग सामाजिक कार्यकर्ता रवि द्विवेदी, केस रजिस्ट्री असिस्टेंट आदेश पांडेय, वार्ड असिस्टेंट सैय्यद कल्बे रजा तथा नगरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिल्वर जुबली के समस्त अधिकारी व कर्मचारी द्वारा सहयोग किया गया।