कानपुर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कानपुर दौरा फाइनल हो गया है.जून के आखिरी हफ्ते या जुलाई के पहले सप्ताह में पीएम मोदी कानपुर आएंगे. प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर प्रशासनिक तैयारी अंतिम चरण में है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ खुद इस दौरे की मॉनिटरिंग में लगे हैं. प्रधानमंत्री मोदी इस दौरे में कानपुर शहर को करीब 15 हजार करोड़ रुपये के तोहफों की सौगात देंगे. पीएम 5 मेगा प्रोजेक्ट्स का लोकार्पण और शिलान्यास करेंगे. शहर के गोविंद नगर स्थित निराला नगर रेलवे मैदान के अलावा कानपुर-उन्नाव मार्ग पर जनसभा स्थल को देखा गया है. इन्हीं दोनों जगहों में से किसी एक जगह कार्यक्रम होगा.
एक्सप्रेस वे, मेट्रो और पावर प्लांट का तोहफा मिलेगा: प्रधानमंत्री मोदी के इस दौरे का इंतजार कानपुर के लोगों को काफी समय से है. विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास से 50 लाख की आबादी वाले शहर में विकास का बड़ा बदलाव देखने को मिलेगा. घाटमपुर स्थित 660 मेगावॉट का पॉवर प्लांट, अनवरगंज-मंधना एलिवेटेड ट्रैक, रामादेवी से गोल चौराहा तक एलिवेटेड ट्रैक, कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस वे और कानपुर सेंट्रल स्टेशन से नौबस्ता तक मेट्रो के संचालन को पीएम हरी झंडी दिखाएंगे.
‘शहर में पीएम मोदी का जो प्रस्तावित दौरा है, उसमें पीएम पांच अहम परियोजनाओं की सौगात कानपुर को देंगे. सभी प्रोजेक्ट्स पर काम करा लिया गया है. कुछ परियोजनाएं ऐसी हैं,जो पूरी तरह से बनकर तैयार हैं. जबकि कुछ की शुरुआत होगी. पीएम के दौरे को लेकर हम और हमारी पूरी टीम रेडी मोड पर है’.
के विजयेंद्र पाण्डियन, मंडलायुक्त, कानपुर मंडल
3 घंटे नहीं 40 मिनट में कानपुर से पहुंचेंगे लखनऊ: कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेस वे का काम पूरा हो चुका है.सीएम योगी का ये ड्रीम प्रोजेक्ट है. ये एक्सप्रेस वे करीब 63 किलोमीटर लंबा है.कानपुर- लखनऊ के बीच लगने वाले जाम से निजात पाने के लिए 3000 करोड़ रुपये खर्च कर इसे बनाया गया है. एक्सप्रेस वे के चालू होने जाने से कानपुर और लखनऊ के बीच की दूरी तय करने में महज 30 से 40 मिनट ही लगेंगे. अभी कानपुर से लखनऊ जाने में करीब तीन घंटे का समय लगता है.
एलिवेटेड ट्रैक से बदलेगी कानपुर की सूरत: शहर के अनवरगंज स्टेशन से लेकर मंधना तक अभी जो रेलवे लाइन हैं. उसके समीप 16 रेलवे क्रासिंग पड़ती हैं. जिसमें लोगों को ट्रेनों के निकलते समय काफी देर तक फंसना पड़ता है. जाम से बचने के लिए रेलवे क्रासिंग के समानांतर एक एलिवेटेड ट्रैक होगा. इसके अलावा गोल चौराहा से रामादेवी तक जीटी रोड पर एलिवेटेड ट्रैक का प्लान है.अभी फर्रुखाबाद, कन्नौज, अलीगढ़ से कानपुर होते हुए प्रयागराज या लखनऊ जाते हैं तो कानपुर के रावतपुर स्टेशन से आगे जाकर जीटी रोड स्थित गोल चौराहा पहुंचते हैं.
15 किलोमीटर के इस सफर में रामादेवी चौराहा पर पहुंचते ही जरीब चौकी, अफीमकोठी, टाटमिल, पीएसी मोड़ समेत अन्य चौराहों पर भारी ट्रैफिक के बीच गुजरना होता है. जिससे समय की काफी बर्बादी होती है. लेकिन अब करीब 1000 करोड़ रुपये से पहली बार बनने वाले रामादेवी से गोल चौराहा तक एलिवेटेड ट्रैक की मदद से वाहन सवार बिना जाम के झंझट में फंसे आसानी से अपनी यात्रा कर सकेंगे.
दक्षिण कानपुर के लोग करेंगे मेट्रो में सफर: शहर में पहली बार कानपुर के दक्षिण क्षेत्र में कानपुर मेट्रो का संचालन शुरू होगा. कानपुर सेंट्रल स्टेशन से लेकर नौबस्ता तक लोग मेट्रो में सफर कर सकेंगे.अभी आईआईटी कानपुर से लेकर कानपुर सेंट्रल स्टेशन तक कुल 16 स्टेशनों पर मेट्रो की सुविधा है.कानपुर सेंट्रल स्टेशन से लेकर नौबस्ता तक मेट्रो के शुरू हो जाने से कानपुर में कुल 23 मेट्रो स्टेशन हो जाएंगे.
कानपुर दक्षिण में रहने वाले करीब 10 लाख की आबादी को इस प्रोजेक्ट से फायदा होगा.इसके अलावा कानपुर के इतिहास में पहली बार रावतपुर और कल्याणपुर स्टेशन पूरी तरह से समाप्त होंगे और इनके स्थान पर छत्रपति साहू जी महाराज विवि के मेट्रो स्टेशन से कुछ दूरी पहले पूर्व पीएम अटल बिहारी बाजपेई के नाम पर नया स्टेशन बनेगा.