हमीरपुर : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को राठ की जनसभा से विकास, कानून व्यवस्था, शिक्षा, जल संरक्षण और बुंदेलखंड के विकास को लेकर बड़ा संदेश दिया. उन्होंने कहा कि जनता के एक वोट ने उत्तर प्रदेश की तकदीर बदल दी है. जिन्होंने प्रदेश के सामने पहचान का संकट खड़ा किया था, आज पहचान का संकट उन्हीं के सामने खड़ा हो गया है.
उन्होंने कहा कि अब बेटी की सुरक्षा में कोई सेंध नहीं लगा सकता और जो ऐसा दुस्साहस करेगा, वह यमराज के घर जाएगा. उन्होंने कहा कि नया भारत पहचान के लिये मोहताज नहीं है और नया भारत नये भारत की तर्ज पर ही यूपी ने भी अपनी पहचान बनाई है. उन्होंने कहा कि हर घर नल की योजना अब बहन और बेटियों को राहत दे रही है.
राठ स्थित स्वामी ब्रह्मानंद बीएनवी डिग्री कॉलेज मैदान में आयोजित जनसभा में मुख्यमंत्री ने 636.82 करोड़ रुपये की 75 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया. उन्होंने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को प्रमाण-पत्र एवं सहायता राशि भी वितरित की.
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दोपहर 1:07 बजे हेलीपैड पर पहुंचे. उन्होंने करीब 95 मिनट तक राठ में प्रवास किया. मुख्यमंत्री ने 1:44 बजे जनसभा को संबोधित करना शुरू किया और 2:12 बजे भाषण समाप्त किया. दोपहर 2:42 बजे उनका हेलीकॉप्टर राठ से रवाना हो गया.
संबोधन की शुरुआत करते हुए मुख्यमंत्री ने स्वामी ब्रह्मानंद, यमुना-बेतवा की धरती और बुंदेलखंड के वीरों को नमन किया. उन्होंने कहा कि कभी यह क्षेत्र पानी, सड़क और पहचान के संकट से जूझता था, लेकिन पिछले वर्षों में विकास योजनाओं के कारण यहां की तस्वीर बदल रही है.
मुख्यमंत्री ने कहा कि “आपके एक वोट ने उत्तर प्रदेश की तकदीर बदल दी.” उन्होंने कहा कि पहले प्रदेश में जातिवाद और परिवारवाद की राजनीति होती थी, जबकि आज विकास और सुशासन की राजनीति हो रही है. उन्होंने कहा कि प्रदेश अब पहचान के संकट से बाहर निकल चुका है.
उन्होंने कहा कि पहले जनता का पैसा विकास कार्यों तक नहीं पहुंच पाता था, जबकि आज सड़क, पेयजल, सिंचाई, शिक्षा और अन्य विकास योजनाओं पर खर्च हो रहा है. उन्होंने इसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व और जनता के समर्थन को दिया.
मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि विश्वविद्यालय के लिए समुचित प्रस्ताव दिया जाता है तो सरकार उसे बनाने के लिए तैयार है. उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय विराट सोच का प्रतीक होता है और ऐसा संस्थान होना चाहिए, जहां आस-पास के जनपदों के महाविद्यालय भी संबद्ध हो सकें.
उन्होंने हमीरपुर में मेडिकल कॉलेज की आवश्यकता भी जताई और कहा कि यहां के युवाओं को चिकित्सा शिक्षा के लिए बाहर न जाना पड़े, इसके लिए प्रयास किए जाने चाहिए. मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले माफिया गरीबों की जमीनों पर कब्जा करते थे, अवैध खनन करते थे और व्यापारियों तथा बेटियों की सुरक्षा पर संकट पैदा करते थे. अब माफिया या तो जेल में हैं या मिट्टी में मिल गए हैं.
उन्होंने कहा कि “अब बेटी की सुरक्षा में कोई सेंध नहीं लगा सकता. जो ऐसा दुस्साहस करेगा, वह यमराज के घर जाएगा.” मुख्यमंत्री ने जल संरक्षण, वर्षा जल संचयन और वृक्षारोपण को जरूरी बताते हुए लोगों से पानी की एक-एक बूंद बचाने की अपील की. उन्होंने कहा कि सिंचाई और पेयजल से जुड़ी योजनाएं बुंदेलखंड के लिए महत्वपूर्ण हैं और आने वाले समय में इनका लाभ लोगों को मिलेगा.
उन्होंने हर घर नल योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि पानी की बचत और उसका सदुपयोग भी लोगों की जिम्मेदारी है. मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में अयोध्या में राम मंदिर निर्माण और भारतीय सांस्कृतिक विरासत का उल्लेख किया. उन्होंने कहा कि देश अपनी सांस्कृतिक पहचान को मजबूती के साथ आगे बढ़ा रहा है और आज भारत दुनिया में अपनी नई पहचान बना रहा है.
कार्यक्रम में पहुंचीं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री के आगमन पर खुशी जताते हुए कहा कि वर्षों से काम कर रहे कर्मियों की समस्याओं पर भी सरकार को ध्यान देना चाहिए. स्थानीय महिला कुशमा यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री के नेतृत्व में विकास कार्य हुए हैं और विश्वविद्यालय को लेकर कही गई बात क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकती है. उन्होंने उम्मीद जताई कि इससे आने वाली पीढ़ियों को लाभ मिलेगा.
भाजपा जिला मंत्री महेंद्र शुक्ला ने कहा कि मुख्यमंत्री ने बुंदेलखंड की समस्याओं, सांस्कृतिक विरासत, जल संकट, स्वास्थ्य, शिक्षा और परिवहन को ध्यान में रखते हुए विकास का मॉडल प्रस्तुत किया है. उन्होंने कहा कि 636 करोड़ से अधिक की परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास यह दर्शाता है कि सरकार बुंदेलखंड के विकास को प्राथमिकता दे रही है.
कार्यक्रम में प्रदेश उपाध्यक्ष एवं जिला प्रभारी देवेश कोरी, प्रभारी मंत्री एवं राज्यमंत्री रामकेश निषाद, राज्यसभा सांसद बाबूराम निषाद, पूर्व सांसद पुष्पेंद्र सिंह चंदेल, राठ विधायक मनीषा अनुरागी, सदर विधायक डॉ. मनोज प्रजापति, जिलाधिकारी अभिषेक गोयल, पुलिस अधीक्षक मृगांक शेखर पाठक, डीआईजी बांदा, जिला पंचायत अध्यक्ष जयंती राजपूत तथा भाजपा जिलाध्यक्ष शकुंतला निषाद सहित पार्टी और प्रशासन के कई अधिकारी मौजूद रहे.