पीएम मोदी के होमटाउन वडनगर में हेरिटेज ऑटो रिक्शा पहल शुरू, पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए प्रयास

गांधीनगर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गृहनगर गुजरात के वडनगर में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए ‘वडनगर हेरिटेज ऑटो रिक्शा पहल’ शुरू की गई है. इसके तहत शहर के पुराने ऑटो-रिक्शा को नया और ऐतिहासिक स्वरूप दिया जा रहा है.

राज्य सरकार ऐतिहासिक और सांस्कृतिक रूप से समृद्ध शहर वडनगर को वर्ल्ड-क्लास टूरिस्ट डेस्टिनेशन के तौर पर विकसित करने के लिए कई कल्याण और विकास योजनाएं लागू कर रही है. राज्य सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम भी इन कोशिशों में शामिल हो रहे हैं, जिससे पर्यटन विकास को और बढ़ावा मिल रहा है.

इस पहल के तहत, गुजरात स्टेट फर्टिलाइजर्स एंड केमिकल्स लिमिटेड (GSFC) ने अपने सीएसआर फंड से, वडनगर में पुराने ऑटो रिक्शा को एक आकर्षक नया लुक देने के लिए एक खास पहल की है, जो शहर के समृद्ध इतिहास और ऐतिहासिक विरासत को दिखाता है. वडनगर हेरिटेज ऑटो प्रोजेक्ट को राज्य पर्यटन विभाग और परिवहन विभाग द्वारा जरूरी परिवहन सहायता (लॉजिस्टिक सपोर्ट) दिया जा रहा है.

पंजीकरण प्रक्रिया अभी भी चल रहा है ताकि ज्यादा से ज्यादा रिक्शा ड्राइवर सरकार और राज्य की पब्लिक सेक्टर कंपनी की इस मिली-जुली पहल का फायदा उठा सकें. जो रिक्शा ड्राइवर अपने रिक्शा को वडनगर की विरासत को दिखाते हुए एक नया ऐतिहासिक लुक देना चाहते हैं, वे वडनगर एसटी डिपो में जीएसएफसी के प्रतिनिधि से संपर्क कर सकते हैं और इस स्कीम का फायदा उठा सकते हैं.

सरकार की पर्यटन को बढ़ावा देने की कोशिशों के साथ राज्य की सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम का यह जुड़ाव वडनगर आने वाले आगंतुकों को शहर की संस्कृति का एक अनोखा अनुभव देगा और साथ ही स्थानीय रोजगार को भी काफी बढ़ावा देगा.

हर साल देश और विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक वडनगर आते हैं. इस पहल का मकसद शहर को एक खास पहचान देना और पर्यटकों को इसकी ऐतिहासिक जगहों को आसानी से घूमकर जानकारी हासिल करने में मदद करना है.

वडनगर में अभी 300 से ज्यादा रिक्शा रजिस्टर्ड हैं. पर्यटकों को आकर्षित करने और स्थानीय रिक्शा ड्राइवरों की मदद करने के लिए, हर रिक्शा को पुराने से नए लुक में लाने के लिए (रेट्रोफिट) 50 हजार से ज्यादा खर्च किए जा रहे हैं. पहले चरण में 21 रिक्शा चुने गए और उनका नवीनीकरण सफलतापूर्वक पूरा हो गया है.