साइनस से बंद नाक और छींक से हैं परेशान? आजमाएं ये आसान घरेलू उपाय

साइनस इन्फेक्शन तब होता है जब बैक्टीरिया, वायरस या फंगस के इन्फेक्शन की वजह से साइनस में सूजन आ जाती है. इससे नाक बंद होना, नाक बहना, छींक आना, चेहरे पर दबाव या दर्द महसूस होना और कभी-कभी सूंघने की क्षमता कम हो जाना जैसे लक्षण हो सकते हैं. क्रोनिक या बार-बार होने वाले साइनसाइटिस के लक्षणों को ठीक से कंट्रोल के लिए मेडिकल मदद की जरूरत पड़ सकती है. हालांकि, कुछ घरेलू उपाय भी तुरंत राहत दे सकते हैं.

लगातार छींक आने और नाक बहने जैसे साइनस से जुड़े लक्षणों को कंट्रोल करने के लिए ये घरेलू उपाय जरूर आजमाएं

  • खारे पानी से नाक की सफाई- सलाइन सॉल्यूशन नाक के रास्ते से बलगम, एलर्जी और जलन पैदा करने वाली चीजों को बाहर निकालने में मदद करता है. आप नेति पॉट, बल्ब सिरिंज या पहले से बना सलाइन स्प्रे इस्तेमाल कर सकते हैं. इन्फेक्शन से बचने के लिए, साफ या उबालकर ठंडा किया हुआ पानी इस्तेमाल करें. दिन में एक या दो बार नाक के रास्ते साफ करने से नाक बंद होने और छींक आने की समस्या कम हो सकती है.
  • भाप लेना- भाप लेने से बलगम ढीला होता है और नाक बंद होने की समस्या में आराम मिलता है. पानी उबालें, उसे एक कटोरे में डालें और 5-10 मिनट तक भाप लें. इसमें नीलगिरी (यूकेलिप्टस), पुदीना (पेपरमिंट) या कैमोमाइल तेल की कुछ बूंदें मिलाने से ज्यादा आराम मिल सकता है. ध्यान रखें कि पानी बहुत ज्यादा गर्म न हो, ताकि जलने का खतरा न रहे.
  • साइनस में आराम के लिए गर्म सिकाई- नाक और माथे पर गर्म, गीला कपड़ा रखने से साइनस का दबाव कम होता है और चेहरे की परेशानी में आराम मिलता है. यह तब बहुत असरदार होता है जब नाक बंद होने के साथ-साथ साइनस में दर्द या सिरदर्द भी हो. दिन में कई बार ऐसा करने से लगातार आराम मिल सकता है.
  • ह्यूमिडिफायर- घर के अंदर की सूखी हवा नाक के रास्ते में जलन पैदा कर सकती है, जिससे छींक और नाक बहने की समस्या और बढ़ सकती है. ह्यूमिडिफायर इस्तेमाल करने से हवा में नमी आती है, खासकर रात में बेडरूम में, जो नाक की परत को आराम देती है और जलन कम करती है. पक्का करें कि ह्यूमिडिफायर को रेगुलर साफ किया जाए ताकि फफूंदी या बैक्टीरिया न पनपें.
  • अदरक की चाय- अदरक में प्राकृतिक रूप से सूजन कम करने (एंटी-इंफ्लेमेटरी) और एंटीऑक्सीडेंट गुण होते हैं. दिन में कई बार ताजी अदरक की चाय पीने से नाक की सूजन कम हो सकती है, गले को आराम मिल सकता है और छींक आने की समस्या में राहत मिल सकती है.
  • शहद और गर्म पानी- गर्म पानी में शहद मिलाकर पीने से गले की खराश और बार-बार छींक आने से होने वाली जलन में आराम मिल सकता है. शहद में हल्के एंटीमाइक्रोबियल गुण भी होते हैं, जो अतिरिक्त आराम दे सकते हैं.
  • हल्दी वाला दूध- हल्दी में करक्यूमिन होता है, जिसमें सूजन कम करने और इम्यूनिटी बढ़ाने वाले गुण होते हैं. आधा चम्मच हल्दी मिलाकर एक कप गर्म दूध पीने से नाक की सूजन कम हो सकती है और इम्यूनिटी बेहतर हो सकती है.
  • हर्बल भाप- भाप लेते समय उसमें पेपरमिंट, कैमोमाइल या थाइम जैसी जड़ी-बूटियां मिलाने से नाक के रास्ते की जलन शांत हो सकती है और सूजन कम हो सकती है. कुछ मिनटों तक धीरे-धीरे भाप लें और राहत पाने के लिए दिन में 1-2 बार ऐसा करें.
  • गर्म तरल पदार्थ- हर्बल चाय, सूप या गर्म पानी जैसे गर्म तरल पदार्थ खूब पीने से म्यूकस पतला होता है और गला व नाक का रास्ता हाइड्रेटेड रहता है. ज्यादा कैफीन या शराब से बचें, क्योंकि इनसे डिहाइड्रेशन बढ़ सकता है.

(डिस्क्लेमर: यहां दी गई हेल्थ से जुड़ी जानकारी और सुझाव सिर्फ एजुकेशनल मकसद के लिए हैं. हम यह जानकारी साइंटिफिक रिसर्च, स्टडीज और मेडिकल और हेल्थ एक्सपर्ट्स की सलाह के आधार पर देते हैं. इन सुझावों को मानने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह लेना सबसे अच्छा है.)