नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कल “हम करके रहेंगे” (We Will Do It) का नारा दिया था. अब भाजपा इसे अपना मुख्य नारा बनाने की तैयारी कर रही है. पार्टी चाहती है कि यह लाइन सिर्फ भाषण में न रहे, बल्कि बूथ, रैलियों और सोशल मीडिया पर बार-बार सुनाई दे. और यही वजह है कि भाजपा अब पिछली बार की “मै भी चौकीदार” के नारे की तरह “हम इसे करके दिखाएंगे” नारे को लेकर भी बड़ा अभियान बनाने की तैयारी में जुट गई है.
7 अक्टूबर को दिल्ली के इंदिरा गांधी इंडोर स्टेडियम में विकसित भारत संकल्प सभा हुई थी. मोदी ने हर लक्ष्य के बाद कहा, “हम करके रहेंगे” (We Will Do It) और भीड़ ने भी वही दोहराया. पीएम ने जो लक्ष्य सामने रखे थे वो लक्ष्य हैं—2047 तक विकसित भारत, दुनिया की टॉप तीन अर्थव्यवस्थाओं में जगह, आत्मनिर्भर भारत, दुनिया का बड़ा मैन्युफैक्चरिंग हब, ओलंपिक की मेजबानी और अंतरिक्ष में और आगे बढ़ना.
2019 में नारा था “मैं भी चौकीदार”. इस बार नारा अंग्रेजी में है और इसे आने वाले काम पर जोर देते हुए पीएम ने दिया है. पार्टी सूत्रों का कहना है कि जो पीएम ने नारा दिया है ,वो काफी प्रभावशाली है, क्योंकि लाइन छोटी है, आसानी से दोहराई जा सकती है, लेकिन उसके शब्द भरी भरकम मायने वाले हैं. इसलिए पार्टी को लगता है कि युवाओं और जेन-जी तक यह जल्दी पहुंचेगा.
पार्टी सूत्रों की माने तो, छोटे वीडियो, पोस्टर और मोहल्ला सभाओं में इसी लाइन को आगे बढ़ाने की योजना भी चल रही है. भाजपा का सेवा संकल्प अभियान 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चल रहा है. अब इसी अभियान में “हम करके रहेंगे” को मुख्य संदेश बनाने पर भी बात चल रही है, ताकि 17 अक्टूबर के समापन तक कार्यकर्ता इसे याद कर लें.
पार्टी सूत्रों की माने तो यह संदेश ना सिर्फ देश में बल्कि मै भी चौकीदार की तरह विदेश में रहने वाले भारतीयों तक भी ये संदेश पहुंचाने की भी बात हो रही है. हालांकि आधिकारिक तौर पर अभी तक किसी बड़े वैश्विक अभियान की अलग से आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है. लेकिन पार्टी का कहना है कि यह नारा सिर्फ उपलब्धियां गिनाने का नहीं है. और इसका मतलब है कि एनडीए काम करके दिखाएगी.
पार्टी सूत्रों की माने तो आगे आने वाले राज्यों और चुनाव की तैयारी में भी इसे इस्तेमाल किया जा सकता है. अभी यह योजना के चरण में है. पूरी रूपरेखा पार्टी मुख्यालय की अगली बैठक के बाद साफ होने की संभावना है.

