मुरादाबाद:अप्रैल माह के आखिरी दिनों में सूरज की तपिश और गर्म हवाओं ने जनजीवन बेहाल कर दिया है। शनिवार 25 अप्रैल को अधिकतम तापमान 40 डिग्री के ऊपर रहा। वर्ष 2025 को छोड़ दें तो 2015 के बाद से 25 अप्रैल का यह पारा सबसे अधिक है। भीषण गर्मी से बच्चों को बचाने के लिए जिला प्रशासन ने स्कूलों का समय बदल दिया है।
अब स्कूल सुबह साढ़े सात बजे से दोपहर 12:30 बजे तक खुलेंगे। आमतौर पर मई माह में तापमान 40-45 डिग्री के बीच रहता है, वहीं इस साल अप्रैल के आखिरी सप्ताह में ही पारा 41 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में लू का असर साफ दिख रहा है और मुरादाबाद भी इसकी चपेट में है।
दोपहर 12 से शाम 4 बजे तक सड़कों पर आवागमन बहुत कम हो जाता है। भीषण गर्मी और लू से खुद को बचाने के लिए लोग घरों में कैद रहने को मजबूर हैं। लगातार बढ़ रही गर्मी से जनजीवन अस्त-व्यस्त है। मौसम विज्ञान विभाग के डाटा संग्रह केंद्र के प्रभारी निसार अहमद ने बताया कि शनिवार को अधिकतम तापमान 41 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 26.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
यह तापमान सामान्य से 3.2 डिग्री सेल्सियस अधिक है। पिछले 24 घंटे में अधिकतम तापमान में .7 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। वातावरण में सुबह की नमी 45 फीसदी और शाम की नमी 23 फीसदी दर्ज की गई। हवा की गति पश्चिम दिशा से दस किलोमीटर प्रति घंटा रही। निसार अहमद ने बताया कि रविवार को हीट वेव चलने का अलर्ट जारी किया गया है।
वर्ष अधिकतम तापमान
2015 36.8
2016 38.5
2017 38.0
2018 37.7
2019 37.4
2020 36.0
2021 38.2
2022 39.0
2023 30.0
2024 38.0
2025 42.0