गरज-चमक के साथ बरसे बदरा, यूपी में 50+ जिले प्रभावित; कानपुर में 6 मकान ढहे

लखनऊ/कानपुर: उत्तर प्रदेश में पिछले 2 दिनों से भारी बारिश का सिलसिला जारी है. मौसम वैज्ञानिक डॉक्टर अतुल सिंह ने बताया कि पश्चिम बंगाल की खाड़ी से आ रही नम हवाएं उत्तर प्रदेश में मानसून कि सक्रियता को बढ़ाए हुए हैं. जिसकी वजह से प्रदेश के कई इलाकों में भारी और कुछ इलाकों में मध्यम बारिश का सिलसिला जारी है. आने वाले 3-4 दिनों तक बारिश का सिलसिला जारी रहेगा.

वहीं पिछले 24 घंटे में अनुमानित बारिश 7.1 मिलीमीटर के सापेक्ष 19.8 मिलीमीटर रिकॉर्ड की गई जो कि सामान्य से 68% अधिक है. भारी बारिश के चलते उत्तर प्रदेश के कई इलाके बाढ़ की चपेट में हैं. मौसम विज्ञान विभाग में लगभग 10 जिलों में बाढ़ की संभावना को देखते हुए अलर्ट जारी किया गया है.

आकस्मिक बाढ़ (Flash Flood) की संभावना इन जिलों में: सोनभद्र, मिर्जापुर, चंदौली, गाजीपुर, वाराणसी, प्रयागराज, जौनपुर, भदोही, चित्रकूट और कौशांबी जिलों के कुछ वाटरशेड में अलर्ट जारी किया गया है.

भारी बारिश के साथ बिजली गिरने की चेतावनी: बांदा, चित्रकूट, कौशाम्बी, प्रयागराज, फतेहपुर, सोनभद्र, मिर्जापुर, कानपुर देहात, कानपुर नगर, रायबरेली, मथुरा, हाथरस, आगरा, फिरोजाबाद, इटावा, औरैया, जालौन, हमीरपुर, महोबा, झांसी, ललितपुर, सहारनपुर, शामली, मुजफ्फरनगर, बागपत, मेरठ, गाजियाबाद, हापुड़, गौतम बुद्ध नगर, बुलंदशहर, अलीगढ़, मथुरा, हाथरस, कासगंज, एटा, आगरा, फिरोजाबाद, मैनपुरी, इटावा, औरैया, बिजनौर, अमरोहा, मुरादाबाद, रामपुर, बरेली, संभल, बदायूं, जालौन, हमीरपुर, महोबा, झांसी, ललितपुर और आस-पास के क्षेत्र में अलर्ट जारी किया गया है.

लखनऊ में रेन अलर्ट: मौसम विज्ञान विभाग के अनुसार बुधवार को लखनऊ में बादल छाए रहेंगे. दिन में कई बार हल्की-मध्यम बारिश हो सकती है. अधिकतम तापमान 30, न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है.

मेरठ सबसे गर्म जिला: मंगलवार को मेरठ सबसे अधिक गर्म जिला रहा, यहां पर अधिकतम तापमान 33.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया जो कि सामान्य है. वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान हरदोई जिले में 20 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया जो कि सामान्य से 5 डिग्री सेल्सियस कम है.

कानपुर में मूसलाधार बारिश, 6 मकान गिरे: जिले में लगातार बीते कई दिनों से हो रही बारिश के चलते बिल्हौर तहसील के नानामऊ क्षेत्र के लोधनपुरवा गांव में बारिश से 6 मकान गिर गए. हालांकि हादसों में किसी तरह की जनहानि नहीं हुई, लेकिन मकान गिरने से प्रभावित परिवारों की गृहस्थी का सामान मलबे में दब गया.