जी7 शिखर सम्मेलन में भाग लेने इटली पहुंचे पीएम मोदी, करेंगे कई अहम बैठकें  

रोम: तीसरी बार भारत के प्रधानमंत्री बनने के बाद नरेंद्र मोदी पहली बार जी7 शिखर सम्मेलन के ‘आउटरीच’ सत्र में भाग लेने के लिए इटली की यात्रा पर हैं। यहां जाने से पहले उन्होंने गुरुवार को कहा कि सम्मेलन में कृत्रिम बुद्धिमत्ता यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), ऊर्जा, अफ्रीका और भूमध्यसागरीय क्षेत्र पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने हवाई अड्डे से एक वीडियो संदेश में कहा कि भारत के प्रधानमंत्री जी7 शिखर सम्मेलन में शामिल होने के लिए इटली के ब्रिंडिसी हवाई अड्डे पहुंचे। उनका शुक्रवार का दिन बेहद व्यस्त रहने वाला है। हमारी एक के बाद एक कई वैश्विक नेताओं से साथ द्विपक्षीय बैठकें हैं। वह जी7 शिखर सम्मेलन के ‘आउटरीच सत्र’ को भी संबोधित करेंगे।

पोप फ्रांसिस के साथ द्विपक्षीय वार्ता की उम्मीद

पीएम मोदी अपने एक दिन के दौरे में इटली की प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी द्वारा आयोजित कृत्रिम मेधा यानी आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), ऊर्जा, अफ्रीका और भूमध्यसागरीय क्षेत्र पर ध्यान केंद्रित करने वाले एक सत्र में हिस्सा लेंगे। इस सत्र में पोप फ्रांसिस भी शामिल होंगे। पोप फ्रांसिस के मोदी के साथ द्विपक्षीय वार्ता करने की भी उम्मीद है। प्रधानमंत्री के शिखर सम्मेलन से इतर कई द्विपक्षीय बैठकें करने की संभावना है। वह इटली की प्रधानमंत्री मेलोनी के साथ द्विपक्षीय बैठक भी करेंगे।

इस जी7 समिट में अमेरिका, ब्रिटेन, फ्रांस, इटली, जर्मनी, कनाडा और जापान शामिल हैं। इटली जी7 (सात देशों के समूह) शिखर सम्मेलन की वर्तमान में अध्यक्षता और मेजबानी कर रहा है। रूस को इस समूह में शामिल करने के साथ 1997 और 2013 के बीच इसका विस्तार जी8 के रूप में हुआ। हालांकि, क्रीमिया पर कब्जा करने के बाद 2014 में रूस की भागीदारी निलंबित कर दी गई थी।