राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने फीस रिफंड प्रक्रिया को लेकर महत्वपूर्ण अपडेट जारी किया है। एजेंसी ने स्पष्ट किया है कि पात्र उम्मीदवारों का रिफंड केवल उसी बैंक खाते में भेजा जाएगा, जिसकी जानकारी उम्मीदवारों ने आधिकारिक पोर्टल पर दर्ज और सत्यापित की होगी। हाल के दिनों में नीट उम्मीदवारों को निशाना बनाकर किए जा रहे साइबर फ्रॉड के प्रयासों के बीच एनटीए ने छात्रों को बैंक खाते की जानकारी सावधानीपूर्वक जांचने की सलाह दी है। एजेंसी का कहना है कि सही बैंक विवरण दर्ज होने पर रिफंड प्रक्रिया बिना किसी देरी के पूरी की जा सकेगी।
बैंक अकाउंट डिटेल्स की जांच करना जरूरी
एनटीए के अनुसार उम्मीदवारों को अपने आवेदन संख्या और पासवर्ड या जन्म तिथि के माध्यम से आधिकारिक नीट पोर्टल पर लॉगिन करना चाहिए। इसके बाद बैंक अकाउंट वेरिफिकेशन सेक्शन में जाकर बैंक खाता संख्या, आईएफएससी कोड और खाताधारक का नाम जांचना चाहिए।।,एजेंसी ने कहा है कि यदि दर्ज की गई जानकारी में कोई गलती है तो रिफंड मिलने में देरी हो सकती है। एनटीए ने दोहराया कि रिफंड केवल उसी बैंक खाते में भेजा जाएगा जो उम्मीदवार द्वारा पोर्टल पर पंजीकृत और सत्यापित किया गया हो।
गलत जानकारी भरने वालों को मिलेगा सुधार का मौका
बैंक विवरण गलत भरने या सत्यापन प्रक्रिया पूरी नहीं कर पाने वाले उम्मीदवारों की चिंता को देखते हुए एनटीए ने राहत भरी घोषणा की है। एजेंसी के अनुसार जो छात्र बैंक विवरण अपडेट नहीं कर पाए हैं या जिन्होंने गलती से गलत जानकारी दर्ज कर दी है, उन्हें परीक्षा के बाद एक और अवसर दिया जाएगा ताकि वे सही जानकारी जमा कर सकें।एनटीए ने कहा, “जो उम्मीदवार बैंक विवरण अपडेट करने में समस्या का सामना कर रहे हैं या जिन्होंने गलत जानकारी भर दी है, उन्हें परीक्षा के बाद सही जानकारी भरने का एक और मौका दिया जाएगा।”हाल के दिनों में कई उम्मीदवारों ने सोशल मीडिया के माध्यम से रिफंड वेरिफिकेशन प्रक्रिया और गलत जानकारी भरने के प्रभाव को लेकर सवाल उठाए थे। एनटीए का कहना है कि अतिरिक्त सुधार विंडो का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि तकनीकी समस्या या डेटा एंट्री की गलती के कारण किसी वास्तविक उम्मीदवार का रिफंड प्रभावित न हो।